छत्तीसगढ़

छत्तीसगढ़ राज्य पिछड़ा वर्ग आयोग की जिला स्तरीय समीक्षा बैठक 14 अक्टूबर को

Shantanu Roy
8 Oct 2025 9:13 PM IST
छत्तीसगढ़ राज्य पिछड़ा वर्ग आयोग की जिला स्तरीय समीक्षा बैठक 14 अक्टूबर को
x
छग
Kawardha. कवर्धा। छत्तीसगढ़ में राज्य पिछड़ा वर्ग आयोग द्वारा आगामी 14 अक्टूबर 2025 को जिला स्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की जाएगी। इस बैठक की अध्यक्षता नेहरूराम निषाद, अध्यक्ष (कैबिनेट मंत्री दर्जा) करेंगे, जबकि उपाध्यक्ष चंद्रकांति वर्मा भी बैठक में उपस्थित रहेंगे। बैठक का आयोजन दोपहर 12:00 बजे से किया जाएगा। बैठक में मुख्य रूप से अन्य पिछड़ा वर्ग के हितार्थ संचालित शासन की योजनाओं और कार्यक्रमों के क्रियान्वयन की समीक्षा की जाएगी। इसके तहत जिला स्तर पर विभागों द्वारा चलाए जा रहे सभी योजनाओं की प्रगति, लाभार्थियों की संख्या और वितरण में आने वाली समस्याओं पर चर्चा की जाएगी। राज्य पिछड़ा वर्ग आयोग ने इस अवसर पर सभी सम्बंधित विभागों के अधिकारियों को निर्देश दिया है कि वे बैठक में सभी आवश्यक जानकारी और अभिलेखों सहित उपस्थित रहें।

अधिकारियों को यह सुनिश्चित करना होगा कि उनके विभागों द्वारा संचालित योजनाओं का प्रभाव और कार्यान्वयन सही ढंग से प्रस्तुत किया जाए। विशेष रूप से बैठक में अन्य पिछड़ा वर्ग के क्रीमीलेयर निर्धारण के संबंध में भी विस्तृत चर्चा होगी। क्रीमीलेयर निर्धारण का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि समाज के अधिक सक्षम और संपन्न वर्गों को विशेष लाभ न मिले और राज्य की योजनाएं वास्तविक जरूरतमंद वर्ग तक पहुंचे। इसके लिए विभिन्न मानदंडों और डेटा का विश्लेषण किया जाएगा। नेहरूराम निषाद ने बैठक से पूर्व कहा कि जिला स्तरीय समीक्षा बैठक का उद्देश्य यह है कि सभी योजनाओं का सही क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जा सके और अन्य पिछड़ा वर्ग के लाभार्थियों को योजनाओं का पूर्ण लाभ मिल सके। साथ ही, अधिकारियों को अपने विभागों की गतिविधियों में सुधार और समयबद्ध कार्यान्वयन सुनिश्चित करने के लिए प्रेरित किया जाएगा।

उपाध्यक्ष चंद्रकांति वर्मा ने भी बैठक के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि पिछड़ा वर्ग के सामाजिक और आर्थिक उत्थान के लिए सभी विभागों को अपनी जिम्मेदारियों का पालन करना अनिवार्य है। उन्होंने कहा कि क्रीमीलेयर निर्धारण के सही निष्पादन से केवल योग्य और जरूरतमंद वर्ग को ही योजनाओं का लाभ मिलेगा। बैठक में शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार, सामाजिक सुरक्षा, कृषि, उद्योग और अन्य पिछड़ा वर्ग के लिए संचालित सभी प्रमुख विभागों के अधिकारी उपस्थित रहेंगे। इसके अलावा, बैठक में योजनाओं की
समस्या
और समाधान पर भी चर्चा की जाएगी, ताकि प्रत्येक जिले में योजना का प्रभावी कार्यान्वयन सुनिश्चित किया जा सके। राज्य पिछड़ा वर्ग आयोग की यह पहल सामाजिक न्याय और समान अवसर सुनिश्चित करने के लिए महत्वपूर्ण मानी जा रही है। अधिकारियों की सक्रिय भागीदारी से यह सुनिश्चित होगा कि अन्य पिछड़ा वर्ग के हितार्थ योजनाएं वास्तविक जरूरतमंदों तक पहुंचे और किसी भी प्रकार की भ्रष्टाचार या अनियमितता को रोका जा सके।
Next Story